छत्तीसगढ़: नक्सलवाद के गढ़ में सुरक्षाबलों की घेराबंदी, ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट-2 जारी
छत्तीसगढ़ के दुर्गम पहाड़ी इलाकों में नक्सलियों के खिलाफ सुरक्षाबलों ने ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट-2 शुरू किया है। इस संयुक्त अभियान में हजारों जवान तैनात हैं और नक्सल नेटवर्क को तोड़ने पर फोकस किया गया है।
छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित पहाड़ी इलाकों में सुरक्षाबलों ने नक्सलियों के खिलाफ एक बड़ा और रणनीतिक अभियान शुरू किया है, जिसे ‘ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट-2’ नाम दिया गया है। यह कार्रवाई दुर्गम जंगलों और पहाड़ियों में छिपे नक्सली नेटवर्क को कमजोर करने के उद्देश्य से चलाई जा रही है।
इस ऑपरेशन में CRPF, छत्तीसगढ़ पुलिस, डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड और विशेष प्रशिक्षित बलों की संयुक्त टीमें शामिल हैं। अभियान के तहत हजारों जवानों को इलाके में तैनात किया गया है, जो चरणबद्ध तरीके से सर्च और कॉम्बिंग ऑपरेशन चला रहे हैं।
सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, नक्सली संगठन लंबे समय से इन पहाड़ियों को अपना सुरक्षित ठिकाना बनाकर गतिविधियां चला रहे थे। इसी को ध्यान में रखते हुए ऑपरेशन को बेहद गोपनीय और योजनाबद्ध तरीके से अंजाम दिया जा रहा है, ताकि नक्सलियों के मूवमेंट, सप्लाई लाइन और कमांड स्ट्रक्चर को पूरी तरह तोड़ा जा सके।
अभियान के दौरान सुरक्षाबलों ने नक्सलियों की संभावित मौजूदगी वाले क्षेत्रों की घेराबंदी कर दी है। जंगलों में पैदल गश्त के साथ-साथ तकनीकी निगरानी भी बढ़ाई गई है। अधिकारियों का कहना है कि ऑपरेशन का मकसद केवल मुठभेड़ नहीं, बल्कि पूरे इलाके को नक्सल प्रभाव से मुक्त करना है।
सूत्रों के मुताबिक, इस कार्रवाई से नक्सलियों पर मनोवैज्ञानिक दबाव भी बढ़ा है और कई इलाकों में उनकी गतिविधियां सीमित होती दिख रही हैं। सुरक्षा बलों ने स्पष्ट किया है कि जब तक क्षेत्र पूरी तरह सुरक्षित नहीं हो जाता, तब तक ऑपरेशन जारी रहेगा।
राज्य और केंद्र सरकार की रणनीति के तहत यह अभियान नक्सलवाद के खिलाफ चल रही व्यापक मुहिम का हिस्सा है, जिसका लक्ष्य छत्तीसगढ़ के दूरस्थ इलाकों में स्थायी शांति और विकास का रास्ता खोलना है।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0









